कोरबा के मिनीमाता बांगो डैम में दोस्तों के साथ शर्त लगाकर गहरे पानी में छलांग लगाने वाले चैतमा गोपालपुर निवासी रंजीत यादव का शव बरामद कर लिया गया है। हादसे के बाद प्रशासन, जिला नगर सेना, स्थानीय गोताखोरों और NDRF की टीम ने व्यापक सर्च ऑपरेशन चलाया। इस बीच भारी बारिश के कारण बांगो बांध का जलस्तर 94 प्रतिशत तक पहुंच गया है और हसदेव नदी में 41,080 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है।
कोरबा। कोरबा के मिनीमाता बांगो डैम में दोस्तों के साथ घूमने पहुंचे युवक की डूबने से मौत हो गई। शर्त लगाकर पानी में छलांग लगाने के बाद लापता हुए चैतमा गोपालपुर निवासी रंजीत यादव का शव आखिरकार बरामद कर लिया गया है।
दोस्तों के साथ घूमने पहुंचा था युवक
बताया गया कि रंजीत यादव अपने साथियों के साथ बांगो बांध घूमने पहुंचा था। इसी दौरान दोस्तों के बीच पानी में छलांग लगाकर आगे निकलने की होड़ लगी। शर्त के दौरान रंजीत ने बांध के गहरे पानी में छलांग लगा दी।
हादसे के बाद युवक का पानी में तैरते हुए एक वीडियो भी सामने आया था। इसके कुछ ही देर बाद वह गहरे पानी में लापता हो गया।
प्रशासन और गोताखोरों ने चलाया सर्च ऑपरेशन
घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय प्रशासन, जिला नगर सेना और गोताखोरों की टीमें मौके पर पहुंचीं। युवक की तलाश के लिए व्यापक अभियान शुरू किया गया।
सर्च ऑपरेशन को तेज करने के लिए प्रशासन ने NDRF की विशेष टीम की भी मदद ली। आधुनिक बोट्स के जरिए बांध के जलक्षेत्र में लगातार तलाशी अभियान चलाया गया।
बांध का गेट खोलकर की गई सर्चिंग
तलाशी अभियान को सुगम बनाने के लिए बांगो बांध के गेट नंबर 2 को विशेष रूप से खोला गया। इसके बाद गोताखोरों ने कड़ी मशक्कत के बाद युवक का शव पानी से बाहर निकाल लिया।
शव बरामद होने के बाद संबंधित प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई की गई।
भारी बारिश से 94 प्रतिशत पहुंचा बांध का जलस्तर
इस बीच ऊपरी क्षेत्रों में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण मिनीमाता बांगो बांध का जलस्तर 94 प्रतिशत तक पहुंच गया है।
जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए जल संसाधन विभाग ने बांध के सभी 9 गेटों को 6 मीटर तक खोलकर जल निकासी की।
हसदेव नदी में छोड़ा जा रहा 41,080 क्यूसेक पानी
बांध से टरबाइन और गेटों के माध्यम से हसदेव नदी में कुल 41,080 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। भारी मात्रा में पानी छोड़े जाने के कारण हसदेव नदी उफान पर आ गई है।
बांध में बढ़ते जलस्तर और नदी में तेज बहाव के बीच प्रशासन की ओर से जलक्षेत्र और आसपास के इलाकों में सतर्कता बरती जा रही है।
