रायपुर। छत्तीसगढ़ में दक्षिण-पश्चिम मानसून धीरे-धीरे सक्रिय होता नजर आ रहा है। प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने लगी हैं, जिससे भीषण गर्मी और उमस से लोगों को आंशिक राहत मिली है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में प्रदेश में वर्षा की गतिविधियां और तेज हो सकती हैं। कई क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ गरज-चमक और वज्रपात की संभावना जताई गई है।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक अगले तीन दिनों तक प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में मेघगर्जन, बिजली गिरने और हल्की से मध्यम वर्षा की स्थिति बनी रहेगी। वहीं अगले चार से पांच दिनों के दौरान दक्षिण-पश्चिम मानसून के छत्तीसगढ़ के अन्य हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं।
पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई। केशकाल, छिंदगढ़, कांकेर, गंडई, जगदलपुर, बोराई, बड़े राजपुर, कुआकोंडा, माकड़ी और दुर्ग सहित कई स्थानों पर बारिश हुई। मौसम विभाग के अनुसार गुरुवार को प्रदेश का सर्वाधिक अधिकतम तापमान 41.6 डिग्री सेल्सियस बिलासपुर में दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान 23.2 डिग्री सेल्सियस दुर्ग में रिकॉर्ड किया गया।
मौसम विभाग ने बताया कि पंजाब से बिहार तक समुद्र तल पर एक मौसमी द्रोणिका सक्रिय है। इसके अलावा पूर्वी विदर्भ से तेलंगाना और आंध्र प्रदेश होते हुए तमिलनाडु तक ऊपरी हवा में द्रोणिका बनी हुई है, जिसके प्रभाव से प्रदेश में नमी बढ़ रही है और वर्षा की गतिविधियों को बल मिल रहा है।
राजधानी रायपुर में शुक्रवार को आकाश आंशिक रूप से मेघमय रहने, गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना है। शहर का अधिकतम तापमान लगभग 39 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और वज्रपात के समय सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है।
