रायपुर । मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि छत्तीसगढ़ तेजी से विकसित प्रदेश बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है और राज्य को एक सशक्त व विकसित प्रदेश के रूप में स्थापित करना सरकार का लक्ष्य है। उन्होंने कबीर धर्मनगर दामाखेड़ा में आयोजित संत समागम समारोह के लिए दी जाने वाली सहायता राशि को 50 लाख रुपये से बढ़ाकर 75 लाख रुपये करने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री साय रविवार को माघ पूर्णिमा के अवसर पर कबीर धर्मनगर दामाखेड़ा में आयोजित सतगुरु कबीर संत समागम समारोह में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने पंथ उदित मुनि नाम साहेब और पंथ प्रकाश मुनि नाम साहेब को चादर व श्रीफल भेंट कर आशीर्वाद लिया और प्रदेश की खुशहाली की कामना की। मुख्यमंत्री ने माघ पूर्णिमा की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि दामाखेड़ा का संत समागम हर वर्ष और अधिक भव्य होता जा रहा है, जो लोगों की बढ़ती आस्था का प्रतीक है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कबीर पंथ का छत्तीसगढ़ के जनजीवन पर गहरा प्रभाव है, इसी कारण प्रदेश के लोग शांतिप्रिय हैं। उन्होंने बताया कि दामाखेड़ा का नाम कबीर धर्मनगर करने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है और इसका राजपत्र में प्रकाशन शीघ्र होगा। मुख्यमंत्री साय ने यह भी कहा कि नक्सलवाद छत्तीसगढ़ के विकास में बाधा रहा है, लेकिन अब यह 31 मार्च 2026 तक पूरी तरह समाप्त हो जाएगा।
कार्यक्रम को उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, खाद्य मंत्री दयाल दास बघेल और भाटापारा विधायक इंद्र साव ने भी संबोधित किया। संत समागम में देश-विदेश से बड़ी संख्या में कबीरपंथी संत और श्रद्धालु शामिल हुए।
