रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में एक अहम घटनाक्रम सामने आया है। पूर्व मंत्री कवासी लखमा आगामी बजट सत्र में शामिल हो सकेंगे। इस संबंध में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने जानकारी दी कि उच्च न्यायालय से मिली अंतरिम जमानत और निर्धारित शर्तों के आधार पर उन्हें सत्र में भाग लेने की अनुमति दी गई है।
अध्यक्ष के अनुसार, न्यायालय ने 3 फरवरी को अंतरिम जमानत प्रदान की थी। इसके तहत लखमा को सत्र के दौरान कुछ सख्त नियमों का पालन करना होगा। उन्हें विधानसभा आने-जाने की सूचना सचिवालय को देनी होगी और सक्रिय मोबाइल नंबर उपलब्ध कराना अनिवार्य रहेगा। साथ ही, वे अपने निवास क्षेत्र का दौरा नहीं कर सकेंगे।
न्यायालय की “नो स्पीच” शर्त के तहत लखमा सदन में भाषण नहीं देंगे और अपने खिलाफ चल रहे प्रकरण पर कोई बयान या चर्चा नहीं करेंगे। हालांकि, वे बजट सत्र के सामान्य कार्यों में सीमित रूप से भाग ले सकेंगे। नियमों के उल्लंघन की स्थिति में अनुमति तत्काल निरस्त की जा सकती है।
